प्रयागराज; राहुल उर्फ मोहम्मद आयान ने नाम बदलकर एक हिंदू लड़की को अपने प्रेमजाल में फंसाया. जिसके बाद, उस पर जबरन धर्म परिवर्तन करने का दबाव बनाने लगा. इसी क्रम में अब इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है. कोर्ट ने कहा कि कोई भी धार्मिक परिवर्तन तभी वैध माना जाएगा जब वह स्वेच्छा से किया गया हो.
बता दें कि जबरन धर्मांतरण का यह कोई पहला मामला नहीं है. इससे पहले भी ऐसे कई मामले प्रकाश में आ चुके हैं.
पहला मामला: रायबरेली में धर्म परिवर्तन करने का बनाया गया दबाव
रायबरेली में बीते माह एक मुस्लिम युवक द्वारा हिंदू महिला को धर्म परिवर्तन करने के लिए दबाव बनाने का मामला सामने आया था. यहां, मुस्लिम युवक महिला को प्रेम जाल में फंसाकर उस पर धर्म परिवर्तन करने का दबाव बना रहा था. मामले की जानकारी लगने पर पीड़िता के पिता ने आरोपी अरबाज के खिलाफ स्थानीय थाना क्षेत्र में दर्ज कारवाई थी.
दूसरा मामला: माजिद ने अंश बनकर हिंदू महिला को फंसाय प्रेमजाल में
मुजफ्फरनगर में माजिद ने अंश बनकर एक हिंदू महिला को प्रेमजाल में फंसाय. जिसके बाद, उसके साथ नौ माह तक दुष्कर्म किया और जबरन धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया. साथ ही आरोपी ने महिला से पांच लाख रुपए भी वसूल लिए थे. ऐसे ही और भी कई मामले हैं.
गौरतलब है कि मुस्लिम लड़के हमेशा हिंदू लड़कियों को पहले अपने प्रेमजाल में फंसातें हैं जिसके बाद उनका जबरन धर्म परिवर्तन करने का दबाव भी बनाते हैं, और ऐसे में कई हिंदू लड़कियां इस धर्मांतरण का शिकार भी हो जाती हैं.
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