महाकुंभ नगर; हिमाचल प्रदेश के CM सुखविंदर सिंह सुखू, उनके मंत्री विक्रमादित्य सिंह, मध्य प्रदेश के पूर्व CM दिग्विजय सिंह उनके बेटे जयवर्धन सिंह, राजस्थान के पूर्व CM कमल नाथ के बेटे और पूर्व सांसद नकुल नाथ, राजस्थान के पूर्व डिप्टी CM सचिन पायलट, छत्तीसगढ़ के पूर्व CM भूपेश बघेल समेत 21 कांग्रेसी नेता जिन्होंने अपनी पार्टी के विरोध के बावजूद महाकुंभ पहुंचकर अपने राष्ट्रीय नेतृत्व को आईना दिखाया है.
कांग्रेस नेताओं ने महाकुंभ में लगाई डुबकी
महाकुंभ को लेकर जहां एक तरफ कांग्रेस नेतृत्व का एजेंडा विरोध में था, वहीं महाकुंभ के अंतिम चरण में 3 फरवरी से 25 फरवरी 2025 तक कांग्रेस के नेताओं ने पार्टी लीग से हटकर जमकर त्रिवेणी में आस्था की डुबकी लगाई. अब सवाल ये उठता है कि क्या इन नेताओं ने अपनी पार्टी की राजनीति से हटकर सनातन धर्म को चुना?
गंगा में डुबकी लगाने से गरीबी दूर नहीं होगी-मल्लिकार्जुन खड़गे
ये सवाल इस लिए भी है क्योंकि कांग्रेस का राष्ट्रीय नेतृत्व खुद भाजपा के नेताओं के महाकुंभ पहुंचने पर सवाल उठाता रहा है. केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह के दौरे को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने निशाना साधा था. 27 जनवरी को खड़गे ने कहा था कि, “गंगा में डुबकी लगाने से गरीबी दूर नहीं होगी.” मैं किसी की आस्था पर सवाल नहीं उठाना चाहता. लेकिन, ये लोग हजारों रुपये खर्च करके डुबकी लगाने की होड़ में लगे हैं.
कांग्रेस के 21 नेताओं ने विरोध के बाद भी लगाई डुबकी
खैर कांग्रेस के इस स्टैन्ड पर उनके कुछ बड़े नेता साथ नहीं दिखे, या यूं कहें की उन्होंने समय की महत्ता को समझा और महाकुंभ पहुंचकर त्रिवेणी में पावन डुबकी लगा ली. ऐसे 21 नेता हैं जिन्होंने महाकुंभ में पार्टी के विरोध के बावजूद डुबकी लगाई. आईए आपको बताते हैं.
महाकुंभ हमारी सांस्कृतिक विरासत का अभिन्न अंग- सीएम सुखविंदर सिंह सुखू
इन नेताओं में पहला नाम हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुखू का है. जिन्होंने 25 फरवरी 2025 को अपने परिवार के साथ महाकुंभ का दौरा किया और त्रिवेणी संगम में पवित्र डुबकी लगाई. सुखविंदर सिंह सुखू ने पार्टी नेतृत्व के एजेंडे के उलट सोशल मीडिया पर लिखा कि “महाकुंभ सदियों से हमारी सांस्कृतिक विरासत का अभिन्न अंग रहा है, जो हमारी आस्था को व्यक्त करता है.
मां गंगा हमारी सच्चे मन से की गई मुरादें जरूर सुनेंगी- उमंग सिंघार
• इससे पहले 23 फरवरी 2025 को एक ही दिन में काँग्रेस के 6 बड़े नेताओं ने पावन संगम में आस्था की डुबकी लगाई. इसमें पहला नाम कांग्रेस नेता और मध्य प्रदेश में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार का है. उन्होंने संगम में स्नान के बाद X पर पोस्ट किया कि “मैंने महाकुंभ में पवित्र स्नान किया और अमृत स्नान का लाभ प्राप्त किया. हम सभी को उम्मीद है कि मां गंगा हमारी सच्चे मन से की गई मुरादें जरूर सुनेंगी.”
देश की उन्नति, खुशहाली के लिए महाकुंभ में डुबकी लगाई है- हेमंत कटारे
• वहीं दूसरा नाम मध्य प्रदेश में विपक्ष के उपनेता और कांग्रेस नेता हेमंत कटारे और तीसरा नाम कांग्रेस नेता और विधायक सचिन यादव का है. जिन्होंने संगम में पवित्र डुबकी लगाई. इस दौरान काँग्रेस के विधायक सचिन यादव ने अपनी पार्टी की राजनीतिक वैचारिकता की कलाई खोल दी और कहा- हम देश की उन्नति और प्रदेश की खुशहाली के लिए महाकुंभ में डुबकी लगाने आए हैं.
धर्म, आस्था, विश्वास के संगम में स्नान कर पुण्य का लाभ मिला-जीतू पटवारी
• वहीं, चौथा नाम मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जीतू पटवारी का है. जिन्होंने इसी दिन यानी 23 फरवरी को महाकुंभ की समाप्ति के ठीक 3 दिन पहले संगम में पवित्र डुबकी लगाई और पूजा-अर्चना की. यही नहीं जीतू पटवारी ने महाकुंभ की तस्वीरें अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर शेयर करते हुए लिखा कि “आज धर्म, आस्था और विश्वास के संगम में स्नान कर पुण्य का लाभ मिला. जय-जय प्रयागराज.”
महाकुंभ विश्वास का यह विशाल समागम- कुणाल चौधरी
• 23 फरवरी को संगम में डुबकी लगाने वालों में कांग्रेस के 5वें नेता अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सचिव कुणाल चौधरी थे. संगम में पूजन के बाद कुणाल चौधरी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर लिखा कि “प्रयागराज महाकुंभ के अलौकिक वातावरण में आस्था और विश्वास का यह विशाल समागम भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत का अद्भुत और जीवंत प्रतीक है.
गंगा मैया की पावन गोद में स्नान कर पुण्य लाभ प्राप्त किया- नीरज दीक्षित
• छठवां नाम पूर्व विधायक नीरज दीक्षित का है. जिन्होंने संगम में पवित्र डुबकी लगाई. उन्होंने x पर लिखा था कि महाकुंभ में गंगा मैया की पावन गोद में स्नान कर पुण्य लाभ प्राप्त किया. उनका ये बयान अपने पार्टी नेतृत्व के बयान का खंडन करने वाला था.
कांग्रेस के पूर्व सांसद नकुल नाथ ने महाकुंभ में लगाई डुबकी
• खैर विरोध के बावजूद कांग्रेस के नेताओं में एक और बड़ा नाम शामिल हुआ जो खुद को संगम में डुबकी लगाने से नहीं रोक पाया. 20 फरवरी को राजस्थान के पूर्व CM कमल नाथ के बेटे और पूर्व सांसद नकुल नाथ ने महाकुंभ का दौरा किया. इसको लेकर पूर्व CM कमल नाथ ने X पर पोस्ट किया कि “सांसद नकुल नाथ ने आज महाकुंभ के दौरान संगम में डुबकी लगाई और प्रदेश की खुशहाली के लिए प्रार्थना की. जबकि इससे पहले उनके नेता ने कहा था कि गंगा में डुबकी लगाने से गरीबी दूर नहीं होगी.
कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अजय राय ने किया पवित्र स्नान
• इससे पहले 19 फरवरी को उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अजय राय ने महाकुंभ पहुंचकर समर्थकों के साथ संगम में डुबकी लगाई और पूजा-अर्चना की.
कांग्रेस नेता करण सिंह उचियारदा ने महाकुंभ में पवित्र डुबकी लगाई
• इससे पहले 16 फरवरी को राजस्थान के वरिष्ठ कांग्रेस नेता करण सिंह उचियारदा और मध्य प्रदेश युवा कांग्रेस के अध्यक्ष मितेंद्र सिंह यादव ने महाकुंभ पहुंचकर संगम में डुबकी लगाई थी.
महाकुंभ का एक अद्भुत अनुभव है- कांग्रेस सांसद राजीव शुक्ला
• यही नहीं इससे ठीक एक दिन पहले 15 फरवरी कांग्रेस सांसद राजीव शुक्ला संगम में पवित्र डुबकी लगाने और महाकुंभ में पूजा-अर्चना करने प्रयागराज पहुंचे. राजीव शुक्ला ने महाकुंभ के अपने अनुभव साझा करते हुए लिखा कि “यह एक अद्भुत अनुभव है। मैं बचपन से कुंभ मेले में आता रहा हूं।” इसी दिन कांग्रेस के राज्यसभा सांसद अभिषेक मनु सिंघवी महाकुंभ पहुंचे और संगम में डुबकी लगाई. अभिषेक मनु सिंघवी ने इसको लेकर X पर पोस्ट भी किया. जो उनके राष्ट्रीय नेतृत्व के मुंह पर तमाचा था.
कौन जाएगा और कौन नहीं जाएगा, यह माँ गंगा पर निर्भर करता है- पूर्व CM भूपेश बघेल
• इससे पहले 13 फरवरी को कांग्रेस के नेता और राजस्थान के पूर्व डिप्टी CM सचिन पायलट ने महाकुंभ पहुँचकर त्रिवेणी संगम में डुबकी लगाई थी. इसी दिन छत्तीसगढ़ के पूर्व CM और कांग्रेस नेता भूपेश बघेल ने महाकुंभ का दौरा किया. भूपेश बघेल ने कहा “कौन जाएगा और कौन नहीं जाएगा, यह माँ गंगा पर निर्भर करता है”. इसी दिन कांग्रेस महासचिव अविनाश पांडे भी महाकुंभ पहुंचे और सोशल मीडिया पर अपना अनुभव साझा किया. ये दौरे पार्टी नेतृत्व के महाकुंभ के विरोध के बाद हुए.
मध्य प्रदेश के पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह ने बेटे संग लगाई आस्था की डुबकी
• इससे एक दिन पहले 12 फरवरी को मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने अपने बेटे जयवर्धन सिंह के साथ संगम में पवित्र डुबकी लगाई. दिग्विजय सिंह ने इसे अपना सौभाग्य बताया था.
कर्नाटक के डिप्टी CM डीके शिवकुमार ने परिवार संग महाकुंभ में हुए शामिल
• इससे पहले 10 फरवरी को कर्नाटक के डिप्टी CM डीके शिवकुमार अपने परिवार के साथ महाकुंभ मेले में शामिल हुए थे और त्रिवेणी संगम में पवित्र डुबकी लगाई। डीके शिवकुमार ने कहा था कि, “मैं 144 साल में एक बार होने वाले महाकुंभ में भाग लेने का अवसर पाकर वास्तव में खुश हूं.
हिमाचल प्रदेश की कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रतिभा सिंह पहुंचीं थी महाकुंभ
• वहीं कांग्रेस अध्यक्ष मलिकार्जुन खड़गे के बयान के बाद बसंत पंचमी पर 3 फरवरी को हिमाचल प्रदेश के लोक निर्माण विभाग मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने प्रयागराज महाकुंभ में त्रिवेणी संगम के पवित्र तट पर डुबकी लगाई। इस दौरान हिमाचल कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष प्रतिभा सिंह और हिमाचल प्रदेश के डिप्टी CM मुकेश अग्निहोत्री भी अपनी बेटी के साथ प्रयागराज में थे.
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• साफ तौर पर काँग्रेस के इन बड़े नेताओं का महाकुंभ में पहुंचना कहीं न कहीं पार्टी हाई कमान के एजेंडे पर पलीता लगाने वाला है. और ये भी सवाल उठाता है कि क्या इन नेताओं ने अपनी पार्टी की राजनीति से हटकर सनातन धर्म को चुना?
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